एण्ड टीवी के कलाकारों ने इस वर्ष वर्चुअली किया गणपति पूजन, “गणपति बप्पा मोरया” के गूँजे स्वर!

ब्रज पत्रिका। गणपति बाप्पा मोरया। भगवान गणेश के जन्म का जश्न मनाने के लिए बेसब्री के साथ हर किसी को इस त्यौहार का इंतजार रहता है – भगवान गणेश को सुख और समृद्वि का देवता माना जाता है। इस साल लॉकडाउन की वजह से इस त्यौहार को घरों में परिवार के साथ ही मनाया गया।

हालांकि इससे टीवी कलाकारों का जज्बा बिल्कुल भी कम नहीं हुआ है – क्योंकि हप्पू की उलटन पलटन से दरोगा हप्पू सिंह (योगेश त्रिपाठी) व राजेश (कामना पाठक), कहत हनुमान जय श्री राम से अंजनी माता (स्नेहा वाघ), भाभी जी घर पर हैं से तिवारी जी (रोहितश्व गौर) व अंगूरी भाबी (शुभांगी अत्रे), संतोषी मां सुनाएं व्रत कथाएं से स्वाति (तन्वी डोगरा) व गुड़िया हमारी सभी पे भारी से गुड्डू (करम राजपाल) गणपति बप्पा का जन्मदिन मनाया।

पर्यावरण के अनुकूल इको-फ्रेंडली मूर्ति बनाईं, वर्चुअली परिवार और दोस्तों के साथ मिलकर इसका जश्न मनाया और इसके साथ ही घर पर ही गणपति के वर्चुअल दर्शन और आरती में शामिल हुए। यही नहीं, सभी कलाकारों ने घर पर ही प्रसाद के रूप में गणपति के पसंदीदा मोदक और अन्य स्वादिष्ट व्यंजन बनाये।

‘कहत हनुमान जय श्री राम’ की माता अंजनी यानि स्नेहा वाघ ने कहा,

“हमारे घर गणेश चतुर्थी बहुत धूमधाम से मनाई जाती है, हम एक बहुत बड़ा परिवार है, जो इस मौके पर एक साथ आता है। सभी रस्मों को ध्यान में रखते हुए, घर का सबसे बड़ा सदस्य बाप्पा को घर लेकर आता है। क्योंकि इस बार हम एक-दूसरे के घर इस उत्सव के लिए नहीं जा पाए, इसलिए बप्पा के दर्शन करने के लिए हम उसी उत्साह और हर्षोउल्लास के साथ वर्चुअली जुड़े। हमारे परिवार में ही कलाकार हैं; हमने घर पर मिट्टी से ही बप्पा की मूर्ति बनाईं।”

‘भाबी जी घर पर हैं’ के मनमोहन तिवारी की भूमिका निभाने वाले रोहितश्व गौर ने कहा,

“हर साल हम गणपति उत्सव के आने का इंतजार करते हैं, और महीने भर पहले से इसके जश्न, सजावट और विशेष व्यंजनों की योजना बनाना शुरू कर देते हैं। हम हमेशा घर पर पांच दिनों के लिए इको-फ्रेंडली गणपति बाप्पा को लाते हैं। इस साल हम बाप्पा को घर नहीं लाए और मेहमानों को भी नहीं बुलाया। हालांकि हमने बाप्पा के वर्चुअल दर्शन और आरती में शामिल होकर उनका आशीर्वाद लिया। इस गणपति, मैं सबके लिए खुशियों और समृद्धि की कामना करता हूं।”

‘भाबी जी घर पर हैं‘ की अंगूरी भाभी यानि शुभांगी अत्रे ने कहा,

“मैं, मेरे पति और मेरी बेटी साथ में मिलकर मिट्टी, चावल और फूल के साथ इको-फ्रेंडली गणपति बनाते हैं, और हम उसे हमारे फार्महॉउस के पास में तालाब में विसर्जित करते हैं। मैं हर किसी को ऐसी सामग्री का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करती हूं जो कि पर्यावरण को प्रदूषित न करें। इस साल भी हमने इको-फ्रेंडली बप्पा की मूर्ति ही बनाई। बस इस साल एकमात्र यही बदलाव हुआ कि हमारी लिस्ट में बहुत सारे मेहमान नहीं थे और इस उत्सव को केवल परिवार के सदस्यों तक ही सीमित रखा।”

हप्पू की उलटन-पलटन‘ के दरोगा हप्पू सिंह यानि योगेश त्रिपाठी ने कहा,

“हमारे घर में गणेश की मूर्ति के साथ एक जगह पर छोटा सा मंदिर है। हर साल हम मंदिर को फूलों से सजाते हैं और भोग के रूप में मोदक और करंजी और मोतीचूर के लड्डू चढ़ाते हैं, जिसे प्रसाद के रूप में बांटा जाता है। यह त्यौहार सबके लिए एक साथ आने का अवसर भी बन जाता है क्योंकि हम अपने उन रिश्तेदारों और दोस्तों के घर जाते हैं जो बप्पा को अपने घर लेकर आते हैं। हालांकि, इस साल हमने बप्पा के सिर्फ वर्चुअल दर्शन ही किए।”

‘गुड़िया हमारी सभी पे भारी‘ के गुड्डू यानि करम राजपाल ने कहा,

“गणेश चतुर्थी एक ऐसा त्यौहार है जिसका मुझे साल भर इंतजार रहता है। दोस्तों और परिवार के साथ हर साल गणेश पंडाल में जाना एक अनुष्ठान है जिसका मैं हर साल पालन करता हूं। इस साल मैंने अपने घर से ही रिश्तेदारों और दोस्तों के घरों की वर्चुअल आरती और गणेश चतुर्थी के उत्सव में हिस्सा लेकर जश्न मनाया। इस त्यौहार के दौरान गर्मागर्म स्टीम वाले मोदक का आनंद लेना हमेशा से ही मुझे पसंद हैं। लेकिन इस साल मैंने खुद ही उन्हें बनाने की कोशिश की। मैं कामना करता हूं कि सर्वशक्तिमान उन सभी दुखों से हमें दूर कर दे जिससे दुनिया इस वक्त गुजर रही है और अगले साल उनके आने का इंतजार हमारे चेहरों पर एक और बड़ी सी मुस्कान लेकर आए।”

एण्ड टीवी के शो ‘हप्पू की उलटन पलटन‘ से दबंग राजेश यानि कामना पाठक ने कहा,

“गणेश चतुर्थी सभी के जीवन में शांति और सकारात्मकता लाती है। मुझे अभी भी याद है कि जब मैं ‘हप्पू की उलटन पलटन’ में राजेश की भूमिका के ऑडिशन के लिए मुंबई आई थी, तो मैं बहुत ही प्रसिद्ध लालबाग चा राजा में आशीर्वाद लेने के लिए पहुंची थी। वहां पहुंचने के तुरंत बाद ही मुझे यह अच्छी खबर मिली कि मुझे इस भूमिका में लेने का विचार किया गया है। मुझे हमेशा से ही बप्पा पर विश्वास है और उन्होंने मेरे सपनों को हकीकत में बदलने में मेरी मदद की है। हर साल मुझे बाप्पा का जन्मदिन मनाने के लिए दोस्तों द्वारा आमंत्रित किया जाता है लेकिन इस साल पारम्परिक रूप उनके घर पर तैयार किए जाने वाले मोदक और स्वादिष्ट व्यंजन बनाने को याद किया। हालांकि मेरे कुछ दोस्तों ने वर्चुअल आरती का आयोजन किया। इस त्यौहार की भावना को जागृत रखने के लिए मैंने प्रसाद के रूप में खुद ही घर पर करंजी और खीर बनाई।”

‘संतोषी मां सुनाएं व्रत कथाएं‘ की स्वाति यानि तन्वी डोगरा ने कहा,

“जब से मैं अपनी दिनचर्या में व्यस्त हूं, तब से दोस्तों से मिलना लगभग असंभव सा हो गया है। गणपति दर्शन के लिए दोस्तों के घर पर जाना उनसे मिलने का एक अच्छा अवसर बन जाता है। इसके अलावा मुझे पांडाल जाना बहुत पसंद हैं चाहे उसके लिए मुझे कितनी भी लम्बी लाइन में लगना पड़े। हालांकि, इस साल मैं इस भव्य समारोह को बहुत याद करूंगी। मुझे मेरे दोस्तों से वर्चुअल दर्शन करने के लिए कई आमंत्रण मिले। जिसका मैं बेसब्री से इंतजार कर रही थी।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!